बच्चों के जन्म की सालगिरह मनाने पर ब्रिटेन में एक सर्वे किया गया.

उससे पता चला कि लड़कों की पहली सालगिरह पर एहतेमाम किया जाता है.

नई दिल्ली: ब्रिटेन में बच्चों की सालगिरह मनाने पर एक सर्वे किया गया. सर्वे में पता चला कि लड़कों की पहली सालगिरह के सेलेब्रेशन पर विशेष इंतजाम किया जाता है जबकि लड़कियों की सालगिरह मनाने का कोई खास दिन तय नहीं होता.

सालगिरह का दिन बच्चों के लिए बहुत ही खास होता है. उस मौके पर बच्चे बहुत ज्यादा अच्छे मूड में नजर आते हैं. जैसे-जैसे उनकी पहली सालगिरह की तारीख नजदीक आने लगती है अभिभावक धूमधाम से सेलिब्रेशन की तैयारी में जुट जाते हैं. बच्चे की पहली सालगिरह को यादगार बनाने के लिए खास इंतजाम किया जाता है. मगर क्या आप जानते हैं कि कितने प्रतिशत अभिभावक अपने बच्चों की पहली सालगिरह धूमधाम और शानदार तरीके से मनाते हैं. इस बारे में ब्रिटेन में सर्वे किया गया.

बच्चों की सालगिरह मनाने पर सर्वे

सर्वे में अभिभावकों से पूछा गया कि क्या उन्होंने अपने बच्चों की पहली सालगिरह मनाई है या नहीं. इसके अलावा उनसे ये भी जानने की कोशिश की गई कि आयोजन पर उन्होंने कितना खर्च किया. सर्वे में 1-18 साल की उम्र के बच्चों के 2 हजार से ज्यादा अभिभावकों ने हिस्सा लिया. जिसके बाद सर्वे रिपोर्ट के नतीजे से मालूम हुआ कि 16 फीसद ऐसे अभिभावक पाए गए, जिन्होंने पहली सालगिरह पर ही पार्टी आयोजित की जबकि 32 फीसद अभिभावकों ने जवाब दिया कि अपनी सुविधानुसार सालगिरह का सेलिब्रेशन छुट्टी वाले दिन करते हैं.

सामने आया चौंकानेवाला नतीजा

19 फीसद अभिभावकों ने बर्थडे सेलिब्रेशन को अपने घर पर ही सादगी से मनाने की बात कही. इसके पीछे उन्होंने तर्क दिया कि उनकी मंशा पैसों की बर्बादी को रोकना होता है. रिपोर्ट में आगे बताया गया कि 18 फीसद माता-पिता परिजनों को दिखाने के लिए बर्थडे पार्टी जरूर सेलिब्रेट करते हैं. वहीं 30 फीसद अभिभावक ऐसे मिले जो, सालगिरह की तस्वीर सोशल मीडिया पर पोस्ट करना नहीं भूलते. उन्होंने कहा कि सालगिरह को जैसे मनाया जाए उससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता.